महाकौशल विश्वविद्यालय में “विधिक जागरूकता एवं सहायता शिविर” का सफल आयोजन
दिनांक 28 अप्रैल 2026 को महाकौशल विश्वविद्यालय परिसर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में “विधिक जागरूकता एवं सहायता शिविर” का सफल एवं गरिमामय आयोजन किया गया। इस Legal Awareness Camp का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं आमजन के मध्य विधिक जागरूकता का प्रसार करना तथा उन्हें Free Legal Aid Services की उपलब्ध सुविधाओं से अवगत कराना था।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. आर. पी. चौबे ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय केवल शैक्षणिक ज्ञान का केंद्र नहीं, बल्कि सामाजिक जागरूकता का भी महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने कहा कि ऐसे Law Awareness Programs विद्यार्थियों को समाज की वास्तविक समस्याओं से जोड़ते हैं और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करते हैं।
इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में जिला विधिक अधिकारी (DLO) श्री बी. डी. दीक्षित उपस्थित रहे। उन्होंने अपने वक्तव्य में District Legal Services Authority (DLSA) की संरचना, उद्देश्य एवं कार्यप्रणाली पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कमजोर एवं वंचित वर्गों को सुलभ एवं निःशुल्क न्याय प्रदान करना इस संस्था का मुख्य उद्देश्य है।
उन्होंने Lok Adalat, विधिक सहायता योजनाओं तथा परामर्श सेवाओं के माध्यम से न्याय सुलभ कराने के प्रयासों को भी विस्तार से समझाया। साथ ही, उन्होंने Para Legal Volunteers (PLVs) की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि ये स्वयंसेवक समाज और न्याय प्रणाली के बीच एक सेतु के रूप में कार्य करते हैं।
विशेष रूप से विधि के विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वे भविष्य के न्यायविद् होने के नाते समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझें और अपने विधिक ज्ञान का उपयोग समाज सेवा के लिए करें।
कार्यक्रम के अंत में आयोजित Question-Answer Session में विद्यार्थियों ने सक्रिय भागीदारी की और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया।
कार्यक्रम का संचालन श्री गार्गी शंकर एवं सुश्री शोभा मिश्रा द्वारा किया गया, जबकि आभार प्रदर्शन विभागाध्यक्ष श्री युगांक खरे द्वारा किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के विद्यार्थी एवं शिक्षकगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

